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नगमा
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नगमा
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शुक्रवार, जुलाई 25
गूँज किसी निर्दोष हँसी की
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गूँज किसी निर्दोष हँसी की खन-खन करती पायलिया सी मधुर रुनझुनी घुँघरू वाली, खिल-खिल करती हँसी बिखरती ज्यों अंबर से वर्षा होती ! अंतर से ...
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बुधवार, मार्च 28
एक नगमा जिन्दगी का
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एक नगमा जिन्दगी का एक दरिया या समन्दर बह रहा जो प्रीत बनकर , बाँध मत बाँधें तटों पर उमग जाये छलछलाकर ! एक प्यारी सी हँ...
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