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शनिवार, जनवरी 12

लौट लौट आते हैं मौसम

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पौष का एक दिन हुआ प्रातः, पर रात अड़ी है जाने का यह नाम न लेती, घना कोहरा, ढका गगन व ठिठुरन तन को अकड़ा देती ! आज गगन का ...
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Anita
यह अनंत सृष्टि एक रहस्य का आवरण ओढ़े हुए है, काव्य में यह शक्ति है कि उस रहस्य को उजागर करे या उसे और भी घना कर दे! लिखना मेरे लिये सत्य के निकट आने का प्रयास है.
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