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शनिवार, अक्टूबर 19

मन माँगे मोर

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मन माँगे मोर कहीं वह जंगल में नाचने वाला मोर तो नहीं, जो मन माँगता है है खुद भी तो मयूर पर   यह नहीं जानता है...   य...
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Anita
यह अनंत सृष्टि एक रहस्य का आवरण ओढ़े हुए है, काव्य में यह शक्ति है कि उस रहस्य को उजागर करे या उसे और भी घना कर दे! लिखना मेरे लिये सत्य के निकट आने का प्रयास है.
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