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शुक्रवार, मार्च 24

एक मुल्क


एक मुल्क 


जैसे कोई जल 

विलग हो जाए 

बहते दरिया से 

तो सूखने लगता है 

वैसे ही झुलस रहा है एक मुल्क 

अपने स्रोत से बिछड़ा 

खानाबदोश सा कोई परिवार 

या माता-पिता से रूठा 

नाफ़रमाबरदार बेटा 

जो अगर घर से खतो-किताबत 

 भर शुरू कर दे 

भले न लौटे घर 

तो हालात सुधरने लगते हैं 

प्रेम का रक्त दौड़ने लगता है 

उसकी रगों में 

जिसकी आँच पिघला देती है 

सारी जड़ता 

जो कभी दो थे ही नहीं 

एक ही थे 

वे कैसे पनप सकते हैं अलग होके 

जो एक साज़िश का परिणाम था 

वह स्नेह की छुअन से ही 

हो सकता है पुनर्जीवित 

वह मुल्क कौन सा है 

यह आप भी जानते हैं !