योग दिवस पर हार्दिक शुभकामनाएँ
योग दिवस की धूम है, सभी मनाते आज
जीवन कैसे धन्य हो, छुपा योग में राज
सुख और शांति के लिए, जत्न करे दिन रात
योग करे से साध ली, ख़ुशियों की बरसात
योग कराता है मिलन, बिखरा मन हो एक
जीवन फूलों सा खिले, मार्ग मिले जब नेक
योग दिवस पर हर कहीं, मिलजुल हो अभ्यास
समता बढ़े समाज में, अंतर में विश्वास
सुख की बाट न जोहिये, भीतर इसकी ख़ान
योग कला को जानकर, पुलकित होते प्राण
एक तपस्या, एक व्रत, अनुशासन है योग
जीवन में जब आ जाय, मिट जाये हर रोग
महिमा योग अपार है, शब्दों में न समाय
नित्य करे जो साधना, अंत: ज्ञान जगाये
युग-युग से यह ज्ञात है, भुला दिया कुछ काल
कृपा है महाकाल की, पाकर हुए निहाल
